
चंडीगढ़। गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर सोमवार को चंडीगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा भव्य समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान तिरंगे की आन-बान-शान के बीच संविधान की रक्षा का संकल्प लिया गया और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए शहीदों को याद किया गया। ध्वजारोहण और मुख्य कार्यक्रम समारोह की शुरुआत सुबह सेक्टर 35 स्थित कांग्रेस भवन में हुई, जहाँ चंडीगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एच.एस. लक्की ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया। इसके पश्चात, मुख्य समारोह सेक्टर 37 स्थित परशुराम भवन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कांग्रेस के तमाम वरिष्ठ नेताओं सहित सेक्टर 37, 38 और आसपास के क्षेत्रों से भारी संख्या में लोग शामिल हुए। देशभक्ति के गीतों की गूंज परशुराम भवन का हॉल उस समय राष्ट्रप्रेम के रंग में डूब गया जब कलाकारों और कार्यकर्ताओं ने देशभक्ति के गीतों की प्रस्तुतियां दीं। पूरा वातावरण 'भारत माता की जय' और 'वंदे मातरम' के नारों से गूंज उठा। "संविधान ही हमारी सबसे बड़ी शक्ति": एच.एस. लक्की इस अवसर पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष एच.एस. लक्की ने कहा: आज का दिन हर भारतीय के लिए गर्व का विषय है। 26 जनवरी 1950 को हमारा संविधान लागू हुआ था, जिसने हमें एक गणराज्य के रूप में पहचान दी और हर नागरिक को समानता के अधिकार दिए। हमें अपने लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए हमेशा तत्पर रहना चाहिए।" सामूहिक भोज के साथ समापन कार्यक्रम के आयोजन की प्रशंसा करते हुए अध्यक्ष ने सभी को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दीं। समारोह के समापन पर उपस्थित सभी कार्यकर्ताओं और आम जनता के लिए दोपहर के भोजन (स्नेह भोज) का भी प्रबंध किया गया था, जहाँ लोगों ने मिल-जुलकर इस राष्ट्रीय उत्सव का आनंद लिया। इस कार्यक्रम ने न केवल राजनीतिक एकजुटता दिखाई, बल्कि आम जनमानस के बीच गणतंत्र के मूल्यों का संदेश भी पहुँचाया।